मोटी लड़की की चुद का स्वाद (2)

Sex Kahani, Hot Sexy Story, XXX Story, Adult Story, रोजाना पढ़िए हिंदी में हॉट चुदाई की कहानियां
loading...

दोस्तों आप से माफ़ी चाहुगा जो की अपना अगला पार्ट पोस्ट कर दी दोस्तों मुझे टाइम नहीं मिल रहा था अपनी कहानी के लिए एक बात और दोस्तों आपका बहुत-बहुत धन्यवाद जो की आप को मेरी कहानी मोटी लड़की की चुद का स्वाद पसंद आई दोस्तों सेक्स चाहे मोटी लड़की के साथ हो या स्लिम लड़की के साथ मगर सेक्स का मजा हर किसी में होता हे बस उसे अपने दिल से अनुभव करो. और दोस्तों नॉनवेज स्टोरी डॉट कॉम की ये साईट का बहुत- बहुत धन्यबाद जिन्होंने मेरी स्टोरी आप तक पहुंचाई ये साईट की साडी स्टोरी बहुत मस्त हे मुझे जब भी टाइम मिलता हे तो इस साईट की स्टोरी पढता हु.. इस साईट के ऑनर का भी.. सॉरी दोस्तों आप का फालतू समय बर्बाद कर रहा हु आप को कहानी अगला पार्ट सुनता हु..
मैंने अपना लैपटॉप बन्द किया और नीचे उतर कर उसकी जांघ पर हाथ रखा और उसके गाल को चूमते हुए बोला- क्या दिखाओगी? उसने भी अपना लैपटॉप बन्द किया और मेरे साथ टॉयलेट की ओर चल दी। आगे आगे मैं था और वो पीछे आ रही थी। टॉयलेट पहुँचने पर वो थोड़ा झिझकी, मैंने उसके कंधे पर हाथ रखा और बोला- सोचो मत, जब कोई आयेगा तो मैं हट जाऊँगा और तुम तुरन्त ही दरवाजा बंद कर लेना। उसने फिर एक बार मेरी तरफ देखा और फिर कुछ सोची और टॉयलेट के अन्दर चली गई। रचना के चूतड़ भी काफी मोटे थी इसलिये उसने कपड़े काफी ढीले पहने हुए थे। अन्दर जाते ही उसने अपनी कुर्ती ऊपर की और नाड़ा खोलकर सलवार नीचे की। उसकी पैन्टी मुझे कुछ गीली लगी तो मैंने उससे पूछा तो उसने शर्माते हुए अपने सिर को हिलाया और पैन्टी
उतार दी। बुर तो उसकी दिख ही नहीं रही थी क्योंकि बालों का एक जंगल सा था उसकी चूत के ऊपर और चारों ओर… इसलिये मैंने उसकी चूत को छुआ। उसकी चूत काफी उभरी हुई थी बिल्कुल पावरोटी की तरह…मैंने इशारे से घुमने को कहा। वो घूमी…उसके नंगे कूल्हों के बीच में केवल एक लकीर सी खींची थी, मैं लकीर इसलिये कह रहा हूँ कि उसकी दरार में पूरी उँगली घुस गई पर गांड का छेद नहीं मिला। उसने भी मेरा लौड़ा देखने की इच्छा
जाहिर की, मैंने उसकी इच्छा पूरी की और नाईट किस के साथ हम लोग अपने बर्थ पर आकर लेट गये। लगभग 3-4 बजे के बीच रचना ने एक बार मुझे फिर जगाया। मेरे पूछने पर वह बोली कि उसे टॉयलेट लगी है और अकेले जाने में डर लग रहा है। मुझे उसकी इस बात से बहुत गुस्सा आया लेकिन गुस्से पर काबू करते हुए मैं उसके साथ टॉयलेट की ओर चल दिया। रास्ते में मैंने पूछा- अगर मैं तुमसे न मिलता तो किसके साथ जाती? तो वो बोली- तब मैं सुबह तक रोक लेती…लेकिन जब से तुम्हारी कहानी पढ़ी है और अब तुम मुझे मिल गये हो तो मैं अपने जिस्म की एक-एक हरकत का मजा तुम्हारे साथ मिलकर लेना चाहती हूँ। फिर वो टॉयलेट में अपने पयजामे को उतार कर पैन्टी को उंगली से साईड करके खड़े होकर मूतने लगी। रात के समय उसके मूत का पीला रंग बिल्कुल कनक (सोना) जैसा लग रहा था। खैर वो मूत के बाहर आई तो मैंने पूछा- तुम खड़ी होकर मूतती हो? वो बोली- नहीं, तुम्हारी कई कहानियों में तुम लड़की को खड़ा करके ही मूतवाते हो तो मेरे दिमाग में यह आईडिया आया कि चलो मैं भी तुम्हारे सामने खड़े होकर मूतूँ! उसकी यह बात सुनकर मेरा गुस्सा कम हो गया और मैं उसके चूतड़ों, जो काफी मखमली से थे, को सहलाते हुए
और वो मेरे पिछवाड़े को सहलाते हुए लोग अपनी बर्थ पर आ गये। सुबह दिल्ली आने के पंद्रह मिनट पहले हम दोनों की आँख खुली, सामान वगैरहा समेट कर हम लोग नीचे साथ साथ बैठ गये और प्लान बनाया कि होटल में हम लोग अलग रूम में रहेंगे। आपस में हम लोगों ने अपने मोबाईल नंबर शेयर किये। प्लेटफार्म से बाहर निकलने के बाद हम लोग स्टेशन के पास एक अच्छे से होटल देख उसी में कमरे बुक कर लिये। हम दोनों के रूम लगभग तीन रूम के बाद
ही थे। रूम में सामान रखा ही था कि रचना का फोन आया बोली- क्या हम लोग चाय साथ में पी सकते हैं? मैंने उसे हाँ बोला, तो वो बोली- जल्दी आईयेगा। मैं समान रखकर उसके कमरे में पहुँचा। खटखटाने पर कौन की आवाज आई। जैसे ही मैंने अपना नाम बताया, रचना ने दरवाजा खोला और दरवाजे की आड़ में हो गई। मेरे अन्दर घुसते ही उसने दरवाजा बन्द कर दिया। जैसे ही मैं मुड़ा तो देखता हूँ कि, उसे देख कर तो मेरी आँखें फटी की फटी ही रह गई, वो बिल्कुल नंगी थी। चूचे तो उसके खरबूजे के आकार के, चूतड़ तरबूज के आकार के, पेट बाहर काफी निकला हुआ, चूत अन्दर की तरफ बालों के जंगलों के बीच घुसी हुई थी। जांघें उसकी काफी मोटी थी। उसके जिस्म में एक आकर्षक जगह थी वो थी उसकी नाभि, ऐसा लग रहा था कि वो भी एक ऐसा छेद है जहाँ लन्ड महाराज यात्रा करना चाहेंगे। मेरे एक टक देखते रहने से वो अपना को अलग-अलग पोज बनाने लगी। इस तरह से उसने मुझे आश्चर्य में डालते हुए अपने जिस्म की नुमाईश पूरी तरह
से कर दी। मैंने कहा- ये क्या है? ‘मैं तुम्हारी बिल्कुल दीवानी हो चुकी हूँ और मेरा मन कर रहा था कि तुम्हें कुछ सरप्राईज करूँ… तो मैंने तुम्हारे लिये अपने जिस्म को बिल्कुल नंगा कर दिया है और मैं जानती हूँ कि तुमने अभी तक जितनी लड़कियाँ चोदी होंगी सब स्लिम होंगी। मैं कुछ बोलने जा ही रहा था कि कमरे की घंटी बजी, रचना दौड़कर बाथरूम में घुस गई, गाउन पहनकर आई, दरवाजा खोला और वेटर से चाय ली और दरवाजा बन्द करके चाय रखकर उसने अपना गाउन फिर उतार दिया और मेरे सामने बैठकर चाय बनाने लगी। ‘हाँ तुम कुछ कहने वाले थे?’ वो
बोली। ‘हाँ…’ कहकर मैंने उसकी तरफ देखा और बोला- ये जंगल क्यों उगा रखा है? और उगाया था तो इसको ट्रिम कराकर रखती। चूत तुम्हारी बिल्कुल गन्दी दिखती है। मुझे झांटों वाली चूत बिल्कुल अच्छी नहीं लगती है। मैं जानबूझकर उससे इन शब्दों में बात कर रहा था। तभी वो बोली- ठीक है, तुम मेरी झांट बना दो और मेरी चूत को साफ और चिकना बना दो। ‘चलो आओ तुम्हारी चूत को चिकना करते हैं, तुम भी क्या याद रखोगी मेरी जान कि किसने तुम्हारी झांट बनाई हैं।’ मैं इतना बोल कर अपने रूम में जाने वाला था कि तभी वो बोली- अच्छा ये बताओ कि क्या तुम अपने लंड के आस पास झांट नहीं रखते हो? ‘बिल्कुल नहीं!’ ‘मुझे दिखाओ न प्लीज!’ वो बोली।
मुझे क्या ऐतराज हो सकता था, मैंने तुरन्त ही अपना लोअर और अन्डरवियर उतार दिया। मेरा काला नाग फनफना कर खड़ा हो गया। ‘वाओ ओ ओ ओ ओ…’ कह कर रचना मेरे पास आई और मेरे नागराज को हाथ में लेकर बोली- वास्तव में तुम्हारा लंड शानदार है। वो मेरा लंड हाथ में लेकर सहला रही थी और मैं उसके गुब्बारे जैसे चूची को उछाल रहा था। दोस्तो जैसा कि मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता कि सामने चुदवाने वाला कौन है। मुझे तो चूत चाहिये होती है चोदने के लिये, वैसा ही हाल था रचना को लेकर। मुझे उसके मोटापे से कोई फर्क नहीं पड़ रहा था। वैसे भी वो मेरे लंड को इतने प्यार से सहला रही थी कि मैं चाय पीना भूलकर केवल उसकी चूची से खेल रहा था या फिर उसके लंबे बालो को सहला रहा था। तभी सहसा मैंने उससे पूछा- तुम सेक्स कहानी कब से पढ़ रही हो और तुम्हें कैसे पता चली? ‘तुम्हें तो मालूम है कि आज का युग इन्टरनेट का है। उसमें सबसे पहले ‘प्रज्ञा संग रंगरेलियाँ’ कहानी थी। उसे मैं उत्सुकतावश पढ़ रही थी, मुझे कहानी अच्छी लग रही थी। धीरे-धीरे मैंने आपकी लिखी कहानियाँ पढ़ी और आपकी फैन बन गई। तभी मुझे याद आया कि हम लोग चाय पीना भूल गये हैं, मैंने इशारे से उसे बताया, लेकिन उसने चाय पर ध्यान
नहीं दिया और मेरे लंड के टोपे में नाखून से कुरेदते हुए बोली- राज जी, अगर आप बुरा न मानें तो एक बात कहना चाहती हूँ। मैं उसके बालों को सहलाते हुए बोला- जानू, जो बोलना है बोलो, अब जो भी तुम कहोगी, वो मैं करने के लिये तैयार हूँ। ‘थैंक्स राज, मुझे जानू कहने के लिये!’ ‘अरे यार, अब ये थैन्कस वैन्क्स रहने दो, बताओ क्या कह रही थी?’ ‘राज जी मैं… चाहती हूँ कि…’ ‘क्या? बोलो?’ मैंने बीच में टोका- हँ-हाँ बोलो! रचना अपनी नजर नीचे करते हुए बोली- जैसे आप आंटी या भाभी को टॉयलेट अपने सामने करने के लिये कहते हैं वैसे ही आप मेरे सामने टॉयलेट करो। मैं उसकी इस अदा पर खूब हँसा। ‘अरे यार, मर्द तो कहीं पर भी खड़े होकर मूतते हैं… तुम तो अक्सर देखती होगी। फिर मैं क्यों?’ ‘प्लीज!’ ‘ओ.के… पर ये टॉयलेट क्या होता है। यार यह बोलो कि मैं आपको मूतते या पेशाब करते हुए देखना चाहती हूँ। ठीक है, लेकिन मुझे पेशाब तुम कराओगी’ अब तक मैं अपने टी-शर्ट को उतार चुका था। कहानी जारी रहेगी।
दोस्तों कहानी पर अपनी राय नॉनवेज स्टोरी पर या मुझे मेल करके जरूर बताये आप के कमेंट प्रकार ही मुझे स्टोरी लिखने का मजा आता हे।
आपका अपना राज
[email protected] com

loading...
loading...

Online porn video at mobile phone


मुझे चोदा मेरेदेसी स्टूडेंटसेक्स की भोसी की चुदाईहिंदीdubai me bete ke sath hanimun xxx kahani Secx kahani sasu k pream kahani damad k sathबायकोच लंडjawani mai chudai bhaijaan seकामुकता sex storiesXxGand.ki..kahaniपहली चुदाई माबेटे मे xxxsagrat mom sexkhaniसेक्स कहानी भाईदीदी को देखा चुदते हुऐखेत में ले जाकर लड़की की चूत और गांड मारी लड़की चिल्लाईभोसड़े की चुदाईपति के सामने अनजान मर्द से चुदवा लीMa ko daru pila ke chut mara kahani माझ्या बायकोला झवलेपति ने मुझे चुदवायासिस्टर सेक्स स्टोरी हिंदीkamukta अन्तर्वासनापति के सामने अनजान मर्द से चुदवा लीभाई बहन की सेक्सी कहानी सीलमेरे सामने चोदा मेरी माँ कोSex story teri behan ki chut fad dungabheed me maa beti ko choda forcelyरात में विधवा आंटी को चोदाnon veg 3x sex story in hindiमां अंकल की चूदाई मेरे सामनेबहन के साथ ओरल सेकसbhai se chudi raat bhr pti smjh krsexy suhagrat ki kahani Mom Dad or me hindi meसास दामाद भाई बहन ओपेन सेकसी बिडीओमेरी सास sexpahli सुहागरात jamidar ne karj n chukane ki हिंदी storyसेक्स कहाणी विधवाकीसासुमाँ को दमाद ने चोद सेक्सी चुदाईमेरी चूत का गैग बैगchachi kochoda kondom chadake chote batije ne xxxचाची को चोदा गली के साथ सेक्स स्टोरीसेक्स टिप्स जो आपको रोमंचित कर दsexyaurat ki pahchanसौतेले पिता ने चोदापति की बेइज्जती करके चुदीsex bhar holichudai kahani माँ को बीवी बनाया भतीजे ने मुझे बहुत चोदामा बेटासास दामाद भाईबहन ओपेन सेकसी बिडीओदोस्त की मोटी बहन से सेक्सभाई बहन सास दमाद ओपेन सेकसी बिडीओमा बेटासास दामाद भाईबहन ओपेन सेकसी बिडीओनये साल पर चुदाईFoujio ne bahan ko chodaचाची की च** में मेरा लौड़ा अंदर तक चला गयाchachari badi behan ki chut ki seal todiSex khani sotele bap ne jm kr choda peli pela wala sexy aur girls ke boor se khoon nikalata hai सास दामाद मा बेटे ओपेन सैकसी बिडीओमाँ बेटा हिन्दी सेक्स कहानियाँ कामुकता.comकामुकता sex storiesनॉनवेज सेक्स स्टोरी रक्षा बंधनमेरे नौकर ने चोदाHindi sex stories rusexy suhagrat ki kahani Mom Dad or me hindi meमेरी कसी हुई चुतpati patni xxx shuagraat shairyJed k ladke s chudbaya Mene hindi sex story"भीड़" "मम्मी" "लंड" गांड" "कपड़े" "ट्रैन"माँ को बुरी तरह चोदा कि कहानी फोटो के साथbiwi ka shadi se pahle gangbang hindi storiesभतीजे ने मुझे बहुत चोदाCooking k bahane erotica Hindi story nonvage sex stopy ma betaचोद चोदकरसंभोग कथा मराठीlatest sexy store in marathibhai se chudi thand raat raat me hindi sex storyपड़ोसी वाले चाचा से चुदीyou taba sas ne damad ka land chusiमकान मालिक खूब चुदवायाKamukta servant massage hindi sex storynonvegestory.com mam studentमेरी चुत फटीपापा से बचकर मम्मी की चुदाई सेक्स कहानियाDidi aat made taku ka Marathi sex storyभोसड़े की चुदाईoral sex story in hindiमै और मेरा परिवार चुदाईpati patni xxx shuagraat shairyचुत में कड़क लौड़ा फासाअन्तर्वासना मेरी माँ चुदती हुईmaa or beta honeymoon xxx kahaniDidi aat made taku ka Marathi sex storybhai ki garam bahon maiदूध ऑफ़ भाभी विडो इन सेक्स स्टोरीजनाभि थुलथुल पेट सेक्सीचुत में कड़क लौड़ा फासाSixy shiway Marathi zavazavi katha